अनक्लेम्ड बीमा का पैसा कैसे खोजें और क्लेम करें (LIC और दूसरी बीमा कंपनियाँ)

अंतिम जाँच: 19 अक्टूबर 2026 · बीमा भरोसा के अनक्लेम्ड अमाउंट पेज लाइव जाँचे गए; अनक्लेम्ड राशि पर IRDAI के नियमों पर आधारित

संक्षेप में: बीमा का जो पैसा कोई लेने नहीं आता (मैच्योरिटी राशि, डेथ क्लेम, मनी-बैक की किस्त या रिफ़ंड), वह बीमा कंपनी के पास रहता है और उस पर निवेश आय मिलती रहती है। बीमा कंपनी की अपनी वेबसाइट पर खोजें, या IRDAI के बीमा भरोसा पोर्टल से एक ही क्वेरी पाँच कंपनियों तक भेजें। क्लेम करना मुफ़्त है। 10 साल बाद पैसा वरिष्ठ नागरिक कल्याण कोष में चला जाए, तब भी उसे अगले 25 साल तक क्लेम किया जा सकता है।

इस गाइड में (किसी हिस्से पर जाने के लिए टैप करें)
  1. अनक्लेम्ड बीमा राशि किसे कहते हैं?
  2. यह गाइड किसके लिए है
  3. शुरू करने से पहले: ये तैयार रखें
  4. स्टेप-बाय-स्टेप: कैसे खोजें
  5. मैच मिलने के बाद: पैसा क्लेम करना
  6. अगर पॉलिसीधारक की मृत्यु हो चुकी है
  7. अगर पैसा वरिष्ठ नागरिक कल्याण कोष में चला गया हो तो?
  8. आम समस्याएँ और उनका हल
  9. धोखाधड़ी से सावधान रहें
  10. अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
  11. आधिकारिक लिंक
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अनक्लेम्ड बीमा राशि किसे कहते हैं?

वह कोई भी राशि जो बीमा कंपनी को पॉलिसीधारक या नॉमिनी को देनी है लेकिन दे नहीं पाई, आमतौर पर इसलिए कि कंपनी का उनसे संपर्क टूट गया। आम उदाहरण:

  • एंडोमेंट और मनी-बैक पॉलिसियों की मैच्योरिटी राशि जो कभी ली नहीं गई
  • सर्वाइवल बेनिफ़िट: मनी-बैक पॉलिसी की नियमित किस्तें
  • डेथ क्लेम जहाँ परिवार को पॉलिसी के बारे में पता ही नहीं था
  • लैप्स या रद्द हुई पॉलिसियों पर सरेंडर वैल्यू या प्रीमियम रिफ़ंड
  • हेल्थ और जनरल इंश्योरेंस के क्लेम भुगतान या रिफ़ंड जो खाते में नहीं पहुँच सके

बीमा कंपनियों को ₹1,000 या उससे ज़्यादा की अनक्लेम्ड राशि अपनी वेबसाइट पर दिखानी होती है, और यह सूची साल में दो बार अपडेट करनी होती है। 28 फ़रवरी 2026 तक जीवन और सामान्य बीमा कंपनियों के पास लगभग ₹8,974 करोड़ अनक्लेम्ड पड़े थे, ज़्यादातर जीवन बीमा में।

यह गाइड किसके लिए है

  • वे सभी जिन्होंने प्रीमियम भरना बंद कर दिया या कोई पुरानी पॉलिसी भूल गए
  • किसी दिवंगत पॉलिसीधारक के नॉमिनी
  • कानूनी वारिस, जहाँ कोई नॉमिनी नहीं है या नॉमिनी की भी मृत्यु हो चुकी है
  • कर्मचारी जिनका किसी पुराने नियोक्ता के ज़रिए ग्रुप इंश्योरेंस था

शुरू करने से पहले: ये तैयार रखें

  • पॉलिसीधारक का पूरा नाम, जैसा पॉलिसी पर लिखा है
  • उनकी जन्मतिथि
  • बीमा कंपनी का नाम और, अगर है तो, पॉलिसी नंबर
  • PAN (ज़रूरी नहीं, लेकिन मैच में मदद करता है)
  • एक मोबाइल नंबर जिस पर बीमा कंपनी आपसे संपर्क कर सके

सुझाव: भूला हुआ पॉलिसी नंबर कैसे खोजें। पुरानी प्रीमियम रसीदें, पॉलिसी बॉन्ड, बैंक स्टेटमेंट (पुराने डेबिट में LIC या बीमा कंपनी का नाम खोजें), वे इनकम टैक्स रिटर्न जिनमें धारा 80C के तहत प्रीमियम क्लेम किया गया, पुराने ईमेल और SMS देखें, या पॉलिसी बेचने वाले एजेंट से पूछें।

विकल्प 1: बीमा कंपनी की अपनी वेबसाइट पर खोजें

  1. बीमा कंपनी का Unclaimed amount पेज खोजें। यह आमतौर पर फ़ुटर में या कस्टमर सर्विस वाले हिस्से में होता है। IRDAI बीमा भरोसा पर हर बीमा कंपनी के अनक्लेम्ड अमाउंट पेज की सूची रखता है।
  2. पॉलिसीधारक का नाम और जन्मतिथि डालें। हर कंपनी की सर्च में ये दोनों अनिवार्य हैं। अगर फ़ॉर्म माँगे तो पॉलिसी नंबर या PAN भी डालें।
  3. अगर कोई रिकॉर्ड दिखे, तो पॉलिसी नंबर और राशि लिख लें, या स्क्रीनशॉट ले लें। क्लेम करते समय यही बताना होगा।

विकल्प 2: बीमा भरोसा से एक ही क्वेरी कई कंपनियों को भेजें

तब काम आता है जब आपको पक्का पता न हो कि पॉलिसी किस कंपनी की थी, या कंपनी की अपनी सर्च में कुछ न मिले।

  1. bimabharosa.irdai.gov.in खोलें और Unclaimed Amount पर क्लिक करें।
  2. Submit Unclaimed Amount Query Form चुनें।
  3. पॉलिसीधारक का नाम, मोबाइल नंबर और जन्मतिथि भरें (सभी अनिवार्य)। PAN वैकल्पिक है।
  4. अपनी संपर्क जानकारी डालें। पिन कोड, ज़िला और राज्य अनिवार्य हैं; आप Query Details में एक छोटा नोट भी लिख सकते हैं।
  5. अधिकतम पाँच बीमा कंपनियाँ चुनें और हर एक का पॉलिसी नंबर डालें। अगर एक ही कंपनी में एक से ज़्यादा पॉलिसी हैं, तो नंबरों को कॉमा से अलग करें।
  6. सहमति वाले बॉक्स पर टिक करें (आपकी जानकारी सिर्फ़ आपकी चुनी हुई कंपनियों से शेयर होती है) और Submit पर क्लिक करें। फिर कंपनियाँ अपने रिकॉर्ड जाँचकर आपसे संपर्क करती हैं।

बीमा भरोसा खुद चेतावनी दिखाता है कि वह कभी भुगतान नहीं माँगता, और आपको ऐसा कोई QR कोड स्कैन नहीं करना चाहिए या ऐसे किसी लिंक का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए जो आपके खाते में पैसे भेजने का दावा करे।

मैच मिलने के बाद: पैसा क्लेम करना

  1. बीमा कंपनी से संपर्क करें: नज़दीकी ब्रांच, कस्टमर केयर नंबर या क्लेम ईमेल। पॉलिसी नंबर बताएँ।
  2. कंपनी का क्लेम फ़ॉर्म भरें (मैच्योरिटी राशि के लिए इसे अक्सर डिस्चार्ज फ़ॉर्म कहते हैं)।
  3. अपने दस्तावेज़ जमा करें: KYC (पहचान और पते का प्रमाण, PAN), बैंक का प्रमाण जैसे कैंसल चेक या पासबुक की कॉपी, और मूल पॉलिसी बॉन्ड।
  4. पॉलिसी बॉन्ड खो गया? कंपनी आमतौर पर इसकी जगह इंडेम्निटी बॉन्ड (लिखित वादा कि कोई दूसरा दावेदार आया तो आप कंपनी को पैसा लौटाएँगे) माँगती है।
  5. कंपनी आपके बैंक खाते में इलेक्ट्रॉनिक तरीके से (NEFT, RTGS या IMPS) भुगतान करती है, अनक्लेम्ड राशि पर कमाई गई निवेश आय के साथ।

अगर पॉलिसीधारक की मृत्यु हो चुकी है

अगर नॉमिनी है, तो नॉमिनी मृत्यु प्रमाणपत्र, क्लेम फ़ॉर्म, अपने KYC और बैंक प्रमाण के साथ क्लेम करता है। कुछ कंपनियाँ रिश्ते का प्रमाण या अस्पताल के रिकॉर्ड भी माँगती हैं।

अगर नॉमिनी नहीं है, या नॉमिनी की भी मृत्यु हो चुकी है, तो कानूनी वारिस क्लेम करते हैं। राशि के हिसाब से कंपनी कानूनी वारिस प्रमाणपत्र, सक्सेशन सर्टिफ़िकेट या बाकी वारिसों के अनापत्ति पत्र माँग सकती है।

हमारी दिवंगत व्यक्ति का पैसा क्लेम करने के लिए दस्तावेज़ों की चेकलिस्ट में सब कुछ एक जगह है।

अगर पैसा वरिष्ठ नागरिक कल्याण कोष में चला गया हो तो?

10 साल तक अनक्लेम्ड रही राशि बीमा कंपनियाँ वरिष्ठ नागरिक कल्याण कोष (SCWF) में ट्रांसफ़र कर देती हैं, जो एक सरकारी कोष है। यह साल में एक बार, 1 मार्च तक होता है।

यह पैसा डूबता नहीं है। ट्रांसफ़र की तारीख से 25 साल तक आप इसे क्लेम कर सकते हैं। आवेदन फिर भी बीमा कंपनी के ज़रिए ही होता है, जो क्लेम संभालती है। सिर्फ़ उन 25 सालों के बाद राशि हमेशा के लिए केंद्र सरकार के पास चली जाती है।

आम समस्याएँ और उनका हल

पॉलिसी नंबर नहीं है

बीमा भरोसा के क्वेरी फ़ॉर्म में चुनी गई हर कंपनी का पॉलिसी नंबर चाहिए। अगर नंबर नहीं है, तो कंपनी की अपनी वेबसाइट सर्च इस्तेमाल करें, जो नाम और जन्मतिथि से चलती है। आप अपनी ID और पॉलिसीधारक की जानकारी लेकर ब्रांच भी जा सकते हैं।

नाम या जन्मतिथि मेल नहीं खाती

पुरानी पॉलिसियों में पुरानी स्पेलिंग, सिर्फ़ इनिशियल या अलग जन्मतिथि हो सकती है। अलग-अलग रूप आज़माएँ, जैसे ‘Suresh Kumar’ की जगह ‘S Kumar’।

कंपनी जवाब नहीं दे रही या बार-बार देरी कर रही है

  1. कंपनी के शिकायत निवारण अधिकारी (Grievance Redressal Officer) को लिखें। संपर्क जानकारी कंपनी की वेबसाइट पर होती है।
  2. अगर जवाब न आए, या आप संतुष्ट न हों, तो बीमा भरोसा पर शिकायत दर्ज करें। पोर्टल के अनुसार शिकायतों पर 14 दिनों में ध्यान दिया जाता है। आप IRDAI के टोल-फ़्री नंबर 155255 या 1800 4254 732 पर भी कॉल कर सकते हैं।
  3. अगर कंपनी आपकी शिकायत ठुकरा दे या 30 दिनों में जवाब न दे, तो आप बीमा लोकपाल (Insurance Ombudsman) के पास जा सकते हैं। यह मुफ़्त है और इसके लिए वकील की ज़रूरत नहीं है।

धोखाधड़ी से सावधान रहें

खोजना और क्लेम करना मुफ़्त है। ठग IRDAI या बीमा कंपनी के नाम से फ़ोन करते हैं और कहते हैं कि “प्रोसेसिंग फ़ीस”, “GST” या “टैक्स” भरने पर लैप्स पॉलिसी का पैसा “रिलीज़” कर देंगे। IRDAI न पॉलिसी बेचता है, न पॉलिसीधारकों से पैसे लेता है। अपना ही पैसा पाने के लिए कभी भुगतान न करें, भुगतान “पाने” के लिए कभी QR कोड स्कैन न करें, और कभी OTP शेयर न करें। अगर कोई आपको निशाना बनाए, तो cybercrime.gov.in पर शिकायत करें या 1930 पर कॉल करें।

आगे क्या करें

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

क्या कोई एक वेबसाइट है जो सभी बीमा कंपनियों में खोजती है?

कोई एक संयुक्त डेटाबेस नहीं है। बीमा भरोसा एक बार में एक क्वेरी पाँच कंपनियों तक भेजता है, और हर कंपनी के अपने अनक्लेम्ड अमाउंट पेज की सूची देता है। सरकार का कॉमन पोर्टल unclaimedassetsportal.in भी इन्हीं से जोड़ता है।

क्या क्लेम करने की कोई आखिरी तारीख है?

व्यवहार में, नहीं। पैसा 10 साल तक बीमा कंपनी के पास रहता है, और फिर अगले 25 साल तक वरिष्ठ नागरिक कल्याण कोष से क्लेम किया जा सकता है।

क्या मुझे ब्याज मिलेगा?

बीमा कंपनियों को अनक्लेम्ड राशि का निवेश करना होता है और क्लेम करने पर मूल राशि के साथ उस पर कमाई गई निवेश आय भी देनी होती है।

क्या मुझे किसी एजेंट या वकील की ज़रूरत है?

नहीं। आप खुद मुफ़्त में खोज और क्लेम कर सकते हैं। वकील की ज़रूरत सिर्फ़ तब पड़ती है जब वारिसों के बीच विवाद हो।

अंतिम जाँच: 19 अक्टूबर 2026। नियम और पोर्टल बदलते रहते हैं। अगर यहाँ लिखी कोई बात पोर्टल से मेल न खाए, तो कृपया हमें बताएँ।

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इस गाइड के बारे में: यह गाइड Unclaimed Now संपादकीय टीम ने पॉलिसीधारकों की अनक्लेम्ड राशि पर IRDAI के नियमों और बीमा भरोसा पोर्टल के आधार पर लिखी है। Unclaimed Now एक स्वतंत्र गाइड है, सरकारी वेबसाइट नहीं। यह सामान्य जानकारी है, कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं। हम अपनी गाइड कैसे लिखते हैं।